By-Election Result Updates: रामपुर-आजमगढ़ में बीजेपी की हुई जीत, जानिए कहाँ किसकी आई सीट और किसने चखा हार का स्वाद

त्रिपुरा की 4 सीटों में से 3 सीटें बीजेपी ने और 1 सीट कांग्रेस ने जीती है। वहीं दो लोकसभा सीटों पर भाजपा ने जीत हासिल की है, जबकि पंजाब की संगरूर सीट आम आदमी पार्टी के हाथ से निकल गई है। जबकि आंध्र प्रदेश में YSRC तथा झारखंड में कांग्रेस और दिल्ली में AAP ने जीत दर्ज की है।

6 राज्यों की 7 विधानसभाओं तथा 3 लोकसभा सीटों पर मतगणना पूर्ण हो गई है। जहां त्रिपुरा की 4 सीटों में से 3 सीटें बीजेपी ने और 1 सीट कांग्रेस ने जीती है। वहीं दो लोकसभा सीटों पर भाजपा ने जीत हासिल की है, जबकि पंजाब की संगरूर सीट आम आदमी पार्टी के हाथ से निकल गई है। जबकि आंध्र प्रदेश में YSRC तथा झारखंड में कांग्रेस और दिल्ली में AAP ने जीत दर्ज की है।

उत्तर प्रदेश में भाजपा प्रत्याशी घनश्याम लोधी ने अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी समाजवादी प्रत्याशी और आजम खां के करीबी असीम राजा को 42,000 से अधिक मतों से हराकर रामपुर संसदीय सीट पर जीत हासिल की है। वहीं आजमगढ़ में दिनेश लाल यादव (निरहुआ) ने समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव के चचेरे भाई धर्मेंद्र यादव को 11,000 मतों से हराकर अपनी जीत सुनिश्चित कर ली है। वहीं पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान के गढ़ संगरूर में कड़ी टक्कर के बाद, शिरोमणि अकाली दल (अमृतसर) के सिमरनजीत सिंह मान ने आप उम्मीदवार गुरमेल सिंह को 7,000 से अधिक मतों के अंतर से हरा दिया है।

इस बीच, जहां आम आदमी पार्टी ने रविवार को दिल्ली में राजिंदर नगर उपचुनाव में लगभग 11,000 मतों के अंतर से जीत हासिल की है वहीं, त्रिपुरा के सीएम माणिक साहा ने टाउन बारडोवाली उपचुनाव में अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी और कांग्रेस उम्मीदवार आशीष कुमार साहा को 6,104 मतों से हराकर कांग्रेस को शिकस्त दी है। बता दें कि माणिक साहा को सीएम बने रहने के लिए यह चुनाव जीतने की अत्यंत आवश्यकता थी। वहीं आंध्र प्रदेश में, वाईएसआर कांग्रेस पार्टी के मेकापति विक्रम रेड्डी ने आत्मकुर विधान सभा सीट पर भारी अंतर से जीत हासिल की। जहां, उन्होंने भाजपा उम्मीदवार को 82,888 मतों के अंतर से हराया है।

त्रिपुरा में हिंसा की घटनाएं आई सामने

त्रिपुरा विधानसभा उपचुनाव के नतीजे घोषित होने के कुछ घंटे बाद, अगरतला शहर के विभिन्न हिस्सों से हिंसा की कुछ छिटपुट घटनाएं हुईं। कांग्रेस पार्टी ने इस हिंसा का आरोप भाजपा पर लगाते हुए बताया कि भाजपा समर्थित गुंडों के एक समूह ने कांग्रेस समर्थकों पर हमला किया, पार्टी मुख्यालय पर पथराव किया, एक अस्थायी कार्यालय को तोड़ दिया, और राज्य कांग्रेस अध्यक्ष सहित एक युवा कांग्रेस कार्यकर्ता को हमले में घायल भी कर दिया।