नहीं रहे वरिष्ठ पत्रकार कमाल खान, हार्ट अटैक से हुई मौत

उत्तर प्रदेश की राजनीतिक, सामाजिक व्यवस्था पर पूरी पकड़ रखने वाले वरिष्ठ पत्रकार कमाल खान नहीं रहे। लोगों तक खबर पहुंचाने वाले आज स्वयं खबर बन गए हैं। द नेशनल बुलेटिन परिवार उनको श्रद्धांजलि अर्पित करता है।

नई दिल्ली। हमेशा खबरों की तह तक जाने वाले वरिष्ठ पत्रकार कमाल खान नहीं रहे। हर्ट अटैक से उनकी मौत हो गई। जैसे ही यह सूचना सार्वजनिक हुई, हर कोई स्तब्ध रह गया। 62 वर्षीय कमाल खान ने अपने लखनऊ स्थित आवास में अंतिम सांस ली, वह पिछले 32 वर्षों से पत्रकारिता क्षेत्र में सक्रिय थे। पत्रकारीय जगत के साथ ही राजनीतिक हस्तियों ने भी उनके निधन पर शोक संवेदना प्रकट की है।

कमाल खान के निधन पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गहरा शोक व्यक्त कर उनकी आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की है। सीएम योगी ने कहा, पत्रकारिता की यह अपूरणीय क्षति है, कमाल खान जी चौथे स्तंभ व निष्पक्ष पत्रकारिता के एक मजबूत प्रहरी थे। उनकी आत्मा को शांति मिले, कमाल खान के निधन से ना सिर्फ पत्रकारिता जगत के लोगों को बल्कि बड़ी संख्या में उन्हें चाहने वालों को गहरा दुख पहुंचा है।

कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने भी कमाल खान के परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की है। उन्होंने लिखा, ‘वरिष्ठ पत्रकार श्री कमाल खान जी के निधन की खबर सुनकर स्तब्ध हूं। कुछ दिनों पहले ही उनसे मुलाकात के दौरान ढेर सारी बातें हुई थीं। उन्होंने पत्रकारिता में सच्चाई व जनहित जैसे मूल्यों को जिंदा रखा। श्री कमाल खान जी के परिजनों के प्रति मेरी गहरी शोक संवेदनाएं। विनम्र श्रद्धांजलि।’

बहुजन समाज पार्टी (बसपा) की प्रमुख और पूर्व मुख्यमंत्री मायावती ने भी टीवी पत्रकार कमाल खान के निधन पर दुख व्यक्त किया है। उन्होंने अपने ट्वीट में लिखा, ‘एनडीटीवी से जुड़े प्रतिष्ठित व जाने-माने टीवी पत्रकार कमाल ख़ान की अचानक ही निधन के ख़बर अति-दुःखद तथा पत्रकारिता जगत की अपूर्णीय क्षति। उनके परिवार व उनके सभी चाहने वालों के प्रति मेरी गहरी संवेदना। कुदरत सबको इस दुःख को सहन करने की शक्ति दे, ऐसी कुदरत से कामना।’