COVID19 Update : वैक्सीन पर अभी भी जारी है बयानबाजी, केंद्र और राज्य सरकारों के सुर हैं अलग

भारत में लगातार 8 दिनों से कोरोना के नए मामले 2 लाख से कम हैं। देश में आज लगातार 22वें दिन कोरोना वायरस के नए मामलों से ज़्यादा रिकवरी हुईं।

नई दिल्ली। कोरोना (COVID19) संक्रमण और कोरोना वैक्सीन को लेकर बीते दिनों जो सियासी घमासान शुरू हुआ, वह अभी तक जारी है। केंद्र सरकार वैक्सीन की उपलब्धत और उसके वितरण आदि का संख्या देती है तो कई राज्य सरकार सीधे तौर पर कहती है कि उनके पास वैक्सीन नहीं हैं। आखिर वेे टीकाकरण (Vaccination) अभियान को कैसे चलाएंगे ? इस पर कई तरह की दूसरी बातें भी अब देखने को मिल रही है। पंजाब में तो वैक्सीन को निजी अस्पतालों में बेचने तक की बातें सामने आ रही है।

शुक्रवार को नेशनल मीडिया सेंटर में संवाददाता सम्मेलन के दौरान केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के संयुक्त सचिव लव अग्रवाल (Lav Agrawal) ने कहा कि अब तक 22.41 करोड़ वैक्सीन की डोज़ दी जा चुकी हैं। जिसमें मुख्य रूप से स्वास्थ्यकर्मी, फ्रंट लाइन वर्कर्स और 45 साल से ज्यादा उम्र के लोग शामिल हैं। 18-45 आयु वर्ग के 2.43 करोड़ लोगों को वैक्सीन की डोज़ दी गई हैं।

केंद्रीय मंत्री और भाजपा नेता मुख़्तार अब्बास नक़वी (Mukhtar Abbas Naqvi) ने कहा कि वैक्सीन और वैक्सीनेशन को लेकर जो लोग भय का माहौल बना रहे हैं। वे लोगों की सेहत के दुश्मन तो है ही साथ में देश के भी दुश्मन है। वैक्सीन ही कोरोना के खात्मे की गारंटी है।

वहीं, राजस्थान के स्वास्थ्य मंत्री रघु शर्मा (Raghu Sharma) ने कहा कि राजस्थान में 45 साल से ऊपर के 2 करोड़ 9 लाख लोगों के लिए वैक्सीन की जरूरत है, अगर दोनों डोज़ लगाएं तो कुल 4 करोड़ 18 लाख डोज़ की आवश्यकता है। अब तक भारत सरकार ने हमें 1 करोड़ 73 लाख डोज़ दिए हैं। जिसमें से 1 करोड़ 68 लाख डोज़ हम लगा चुके हैं। 2 लाख 15 हज़ार डोज़ हमने आर्मी को दिए। पूरे देश में भारत सरकार द्वारा फ्री वैक्सीनेशन की मांग उठ रही है, एक देश- एक दाम रखना चाहिए। इससे ध्यान हटाने के लिए इस तरह की स्टोरी करा रहे हैं, जो दुर्भाग्यपूर्ण है।