अग्निपथ योजना में इस बार न्यूनतम आयु हुई 23 साल, वायुसेना प्रमुख ने किया स्वागत

सरकार के निर्देशानुसार अग्निपथ योजना के अंतर्गत वर्ष 2022 की भर्ती के लिए प्रवेश आयु को बढ़ाकर 23 वर्ष करने की एक बार की रियायत दी जा रही है। यह निर्णय उन सभी युवकों को एक अवसर प्रदान करेगा जो कोरोना महामारी के बावजूद भी भर्ती रैलियों में शामिल होने की तैयारी कर रहे थे। जो कोविड प्रतिबंधों के कारण पिछले 2 वर्षों में नही की जा सकी थी। भर्ती प्रक्रिया के कार्यक्रम की जल्द घोषणा की जाएगी।

नई दिल्ली। देश के कई हिस्सों में भले ही युवाओं का विरोध प्रदर्शन जारी हो, लेकिन केंद्रीय रक्षा मंत्री की ओर से अग्निपथ योजना के तहत इस बार युवाओं के लिए न्यूनतम आयु को 21 वर्ष से बढ़ाकर 23 वर्ष कर दिया गया है। ऐसा कोरोना काल के दो साल में समय नहीं मिलने के कारण हुआ है। इस निर्णय का सेना क्षेत्र में स्वागत किया जा रहा है।
केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा घोषित की गई ‘अग्निपथ योजना’ भारत के युवाओं को देश की रक्षा व्यवस्था से जुड़ने और देश सेवा करने का सुनहरा अवसर है। पिछले दो वर्षों से सेना में भर्ती की प्रक्रिया नहीं होने के कारण बहुत से युवाओं को सेना में भर्ती होने का अवसर नहीं मिल सका था। इसलिए युवाओं के भविष्य को ध्यान में रखकर प्रधानमंत्री निर्देश पर सरकार ने अग्निवीरों को भर्ती की आयु सीमा को इस बार 21 वर्ष से बढ़ा कर 23 वर्ष कर दी है। यह one time relaxation दिया गया है। इससे बहुत सारे युवाओं को अग्निवीर बनने की पात्रता प्राप्त हो जाएगी।2/3

वायु सेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल विवेक राम चौधरी ने कहा कि भारत सरकार ने अग्निपथ योजना की घोषणा की है जिससे नौजवान सशस्त्र बलों में भर्ती हो सकते हैं। इस योजना में भर्ती की आयु 17.5 से 21 साल रखी है और मुझे खुशी है कि इसमें पहली भर्ती के लिए आयु सीमा को 23 साल कर दी गई है।

भारतीय वायुसेना की ओर से कहा गया है कि भारतीय वायु सेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल वीआर चौधरी आज छह अग्रिम ठिकानों का दौरा कर रहे हैं, जहां वे अग्निपथ प्रवेश योजना के विवरण के बारे में सैनिकों को संबोधित करेंगे। इसका उद्देश्य सेना में अंतिम व्यक्ति को योजना का विवरण समझाना है।

भारतीय सेनाध्यक्ष जनरल मनोज पांडे ने कहा कि 2 दिन में(अग्निवीर) भर्ती प्रक्रिया की अधिसूचना http://joinindianarmy.nic.in पर जारी हो जाएगी। इसके बाद आर्मी रिक्रूटमेंट आग्रेनाइजेशन रजिस्ट्रेशन और रैलियों का ब्योरा तय करेंगे। इस साल दिसंबर तक पहले अग्निवीर की ट्रेनिंग सेंटर में शुरू हो जाएगी। हमारी यूनिट्स अग्निपथ योजना को अपनाने के लिए पूरी तरह से तैयार और उत्सुक है। जहां तक मुझे लगता है कि युवाओं को इस योजना के बारे में अब तक पूरी जानकारी नहीं है। एक बार युवा इस योजना के बारे में समझ जाएंगे, तब उन्हें विश्वास होगा कि यह योजना न सिर्फ युवाओ के लिए बल्कि राष्ट्र और तीनों भारतीय सेनाओं के लिए फायदेमंद है।