नई दिल्ली। रूस और यूक्रेन के बीच चल रहे युद्ध जारी है। इससे भारी जानमाल की क्षति हो रही है। विशेषज्ञों का कहना है कि आने वाले समय में इसके दूरगामी परिणाम भुगतने होंगे। दुनिया के कई सक्षम देशों के साथ भारत की इच्छा है कि युद्ध अब बंद हो जाए। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रूसी राष्ट्रपति पुतिन से फोन पर बात की। फोन कॉल करीब 50 मिनट तक चली। उन्होंने यूक्रेन में उभरती स्थिति पर चर्चा की। राष्ट्रपति पुतिन ने यूक्रेनी और रूसी टीमों के बीच वार्ता की स्थिति पर PM मोदी को जानकारी दी।
रूस और यूक्रेन के बीच छिड़े युद्ध के नौ दिन बीत चुके हैं और दसवें दिन भी दोनों सेनाएं एक-दूसरे पर जमकर प्रहार कर रही हैं। राजधानी कीव समेत कई बड़े शहरों में एयर साइरन बज रहे हैं और लोगों को बंकरों में जाने की हिदायद दी जा रही है। आपको बता दें कि रूसी सेना ने अपने हमलों को तेज कर दिया है। सड़कें और इमारतें क्षतिग्रस्त हो चुकी हैं और चारों तरफ सिर्फ दर्द का मंजर दिखाई दे रहा है।
प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) की ओर से जारी एक बयान के मुताबिक, मोदी ने कहा कि उनकी सलाह पर पुतिन यदि अमल करते हैं तो इस विषय पर जारी शांति प्रयासों को ‘‘काफी मदद’’ मिल सकती है। आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि मोदी और पुतिन के बीच फोन पर यह बातचीत करीब 50 मिनट तक चली। पीएमओ ने बताया कि दोनों नेताओं ने यूक्रेन में उभरती परिस्थितियों पर चर्चा की और इस दौरान पुतिन ने यूक्रेन तथा रूस के प्रतिनिधमंडलों के बीच जारी वार्ता की वर्तमान स्थिति से अवगत कराया।
इसने कहा, ‘‘मोदी ने रूस और यूक्रेन के बीच जारी बातचीत का स्वागत किया तथा उम्मीद जताई कि इससे दोनों देश संघर्ष की समाप्ति की दिशा में आगे बढ़ेंगे।’’ पुतिन और मोदी के बीच बातचीत ऐसे समय में हुई है जब रूस ने नागरिकों की निकासी के लिए सोमवार सुबह से संघर्षविराम के साथ कई क्षेत्रों में मानवीय गलियारों को खोलने की घोषणा की।















