PVR के अर्बन प्लेसमेकिंग अभियान का उद्घाटन किया सीएम अरविंद केजरीवाल ने

प्रिया में सीजीएस द्वारा पॉवर्ड पीवीआर (पीएक्सएल) 14,756 वर्गफीट के क्षेत्र में फैला है और इसमें 316 दर्शक बैठ सकते हैं। सिनेमा उद्योग का अग्रणी बार्को ड्युअल लेज़र प्रोजेक्शन एवं एक्टिव इमेज कंट्रोल भी प्रस्तुत करता है, ताकि उच्च कॉन्ट्रेस्ट के साथ बेहतरीन व यूनिफॉर्म इमेज मिल सके।

नई दिल्ली। जैसे जैसे कोरोना संक्रमण घट रहा है, आम जनजीवन पटरी पर आती दिख रही है। राजधानी दिल्ली में भी आम जीवन को पटरी पर लाने की पूरी कोशिश हो रही है। इसी कड़ी में पीवीआर लिमिटेड ने अपने पहले एवं सबसे प्रतिष्ठित सिनेमा, पीवीआर प्रिया का बुधवार को पहले पी (एक्सएल) फॉर्मेट के साथ आधुनिक एवं उन्नत रूप में नवोद्धार किया। इसका उदघाटन दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने किया।

बुधवार को दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने रिबन काटने एवं दीप प्रज्जवलन के साथ पीवीआर की विरासत में नया अध्याय, ‘अर्बन प्लेसमेकिंग अभियान’ शुरू किया और प्रीमियम कमर्शियल हब, ‘प्रिया’ में स्थित सीजीएस द्वारा पॉवर्ड नए पीवीआर पी (एक्सएल) की शुरुआत हुई। बता दें कि बेहतरीन टेक्नॉलॉजिकल समाधानों के साथ, पीवीआर ने भारत का पहला अत्याधुनिक जायंट स्क्रीन फॉर्मेट प्रस्तुत करने के लिए सिनायोनिक के साथ साझेदारी की है, ताकि प्रशंसकों को लेटेस्ट लेज़र टेक्नॉलॉजी, रिमास्टर्ड कंटेंट एवं ज्यादा ब्राईट सिनेमा का अनुभव दिया जा सके। दिल्ली में पहला पी (एक्सएल) प्रस्तुत करते हुए पीवीआर ने अपने घरेलू विकसित लार्ज स्क्रीन फॉर्मेट को देश के नौ शहरों में विस्तारित किया है।
इस अवसर पर संजीव कुमार बिजली, ज्वाईंट मैनेजिंग डायरेक्टर, पीवीआर लिमिटेड ने बताया कि दर्शकों को नए युग की सुविधाओं के साथ विश्व-स्तरीय सिनेमा का अनुभव देने के उद्देश्य से पीवीआर प्रिया ने भारत में मल्टीप्लेक्स क्रांति का मार्ग प्रशस्त किया। रि-ओपनिंग के साथ हमारा उद्देश्य अपनी प्रतिष्ठा बनाए रखना और इसे सामाजिक परिवर्तन के उत्प्रेरक के रूप में प्रस्तुत करना है। उन्होंने कहा कि नया पुर्नपरिभाषित प्रिया अपनी तरह का अलग प्रीमियम कमर्शियल हब है, जो एक लोकप्रिय स्थान के रूप में खोया हुआ वैभव और पहचान वापस स्थापित करने के लिए डिज़ाइन किया गया है। पीवीआर सदैव से भारतीय संदर्भ में सर्वश्रेष्ठ वैश्विक विधियां अपनाने का प्रयास करता आया है। ‘प्लेसमेकिंग’ भी एक अभिनव एवं सफल लोक-केंद्रित दृष्टिकोण है, जो पूरी दुनिया में विशेषज्ञ शहरों में सार्वजिनक स्थानों को परिवर्तित एवं पुर्ननिर्मित करने के लिए इस्तेमाल करते हैं, ताकि नागरिकों को संलग्न रखने की मौलिक मानव जरूरतों को पूरा किया जा सके।